27 जनवरी 2024 - 09:09
ग़ज़्ज़ा युद्ध में जीत असंभव, इस्राईल को देखना होंगे और बुरे दिन

ज़ायोनी सरकार की आंतरिक सुरक्षा सेवा शबाक के पूर्व प्रमुख ने कहा है कि ज़ायोनी सरकार 7 अक्टूबर से भी अधिक भयावह और ख़राब स्थिति का सामना कर रही है।

ग़ज़्ज़ा में जनसंहार मचा रहे इस्राईल को अभी तक अपने किसी भी उद्देश्य में कामयाबी नहीं मिल सकी। ग़ज़्ज़ा में इस्राईल की निरंतर नाकामी पर चिंता जताते हुए इस्राईल के एक वरिष्ठ पूर्वाधिकारी ने कहा कि इस्राईल के लिए हालात 7 अक्टूबर से भी बुरे हो सकते हैं।

ज़ायोनी सरकार की आंतरिक सुरक्षा सेवा शबाक के पूर्व प्रमुख ने कहा है कि ज़ायोनी सरकार 7 अक्टूबर से भी अधिक भयावह और ख़राब स्थिति का सामना कर रही है।

ज़ायोनी सरकार की आंतरिक सुरक्षा सेवा शबाक के पूर्व प्रमुख "अमी अयालोन" ने फ्रांसीसी अखबार "ले मोंडे" के साथ एक साक्षात्कार में वेस्ट बैंक में एक नए इंतिफादा के बारे में चेतावनी दी है।

अयालोन ने ज़ायोनी शासन की अनिश्चित सैन्य स्थिति पर जोर देते हुए कहा कि यदि इस्राईल शांति स्थापना को अस्वीकार करता है, तो उसे 7 अक्टूबर से भी अधिक विनाशकारी दिनों का सामना करना पड़ेगा।

उन्होंने स्वीकार किया कि भले ही ज़ायोनी सरकार फ़िलिस्तीन के इस्लामी प्रतिरोध आंदोलन के सभी कमांडरों को मार डाले, तब भी हमास नष्ट नहीं होगा।

फ़िलिस्तीनी लोगों के बीच हमास की लोकप्रियता का ज़िक्र करते हुए अयालोन ने कहा कि फ़िलिस्तीनी लोग हमास को महत्व देते हैं, इसका कारण उनका हमास की विचारधारा से लगाव ही नहीं, बल्कि वे हमास को एकमात्र ऐसे आंदोलन के रूप में देखते हैं जो उनकी स्वतंत्रता और ज़ायोनी कब्जे के अंत के लिए लड़ रहा है।